चार दोस्त ही निकले डूबकर मरने वाले श्याम की मौत के जिम्मेदार

रतलाम
बीती 13 अगस्त को जावरा निवासी छात्र श्यामलाल उर्फ श्याम की मौत गहरे तालाब में डूबने से हो गई थी। इस हादसे के दौरान मृतक के बचपन के साथी भी मौजूद थे, जो पिकनिक मनाने के नाम पर श्याम को सावलियां रुण्डी स्थित तालाब पर लाए थे। पुलिस ने मर्ग पर से जांच करते हुए मृतक के साथियों को दोषी पाते हुए कायमी की है।
थाना दिनदयान नगर पुलिस ने उक्त मामले में जांच कर पाया है कि 13 वर्षीय श्यामलाल उर्फ श्याम पिता नानालाल निवासी मामटखेड़ा हाल मुकाम मंशापूर्ण कालोनी जावरा अपने चार नाबालिग दोस्तों के साथ सांवलिया रुण्डी में आया था। यहां स्थित एक तालाब में नहाने के दौरान गहराई वाले हिस्से में जाने से श्याम की डूबने से मौत हो गई थी।
जांच के दौरान मृतक के पिता, माता, नाना, मौसी के लडक़े सहित श्याम को ले जाने वाले दोस्तों के भी कथन दर्ज किए गए थे। वही घटना स्थल से कुछ ही दूर खड़े साक्षी मुकेश भगोरा के भी बयान लिए गए। सभी के बयानों में सामने आया कि मृतक श्याम के साथ गए इसके दोस्तों को ये बात पता थी कि श्याम को तैरना नही आता है, इसके बावजूद ने श्याम को नहाने के लिए तालाब में लेकर गए थे, इन्होने सावधानी नही रखी और मृतक को तालाब की गहराई वाले हिस्से में जाने दिया था। इसी तरह श्याम के डूब जाने के बाद भी तालाब के थोड़े ही दूर पर खड़े व्यक्ति को बात नही बताई थी। इनकी इसी लापरवाही के कारण श्याम की मौत हो चुकी थी।
इसी तरह ग्राम सांवलियारूण्डी का चौकीदार ने बताया है कि 13 अगस्त को में अपने घर में ही था, तभी पता चला कि सागडिय़ा खाली तालाब में कोई लडक़ा डूब गया है। मैं मौके पर पहुंचा जहाँ गांव के अन्य लोग भी आ गये थे। एक लडके की लाश तालाब मे तैर रही थी फिर किसी ने पुलिस को सुचना की तो मौके पर एसडीआरएफ टीम व पुलिस पहुच चूकी थी। इसके बाद मृत लडके को मृत अवस्था मे तालाब से बाहर निकला जिसकी उम्र 13-14 साल करीब थी। पुलिस ने मर्ग जांच कथन ,पीएम रिपोर्ट, मर्ग इन्टीमेशन, शव सुपुर्दगी रसिद आदि दस्तावेजी साक्ष्य से प्रथम दृष्टया मामला अपराध धारा 106(1) बीएनएस का पाया है और मृतक श्यामलाल उर्फ श्याम के घटना वक्त के दोस्तों के विरुद्ध अपराध पंजीबद किया है।
तालाब की गहराई में जाकर डूबने वाला मृतक श्यामलाल 13 अगस्त को अपने घर से बाँस्केटबाँल मैच देखने जाने का बोल कर अपने दोस्तों के साथ निकला था। इसी दिन दोपहर 1 बजे से इसका मोबाईल बंद आ रहा था। जब शाम तक श्याम घर नही लौटा तो परिजनों ने रात में जावरा शहर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। परिजनों ने दोस्तों से पूछा तो उन्होने श्याम के साथ जाने से इंकार किया था।
