क्राइम
इस प्यार को क्या नाम दू ? पुजारी प्रेमी ने प्रेमिका के टुकड़े कर जलाया
आर्मस एक्ट में पकड़ा तो दो साल बाद कबूली वारदात

हनुमान मंदिर के पुजारी को दोस्ती हुई प्यार हुआ, दोनो दो साल तक साथ साथ रहे, फिर दोनो में तनातनी हुई तो प्रेमी ने अपनी चाहत की हत्या कर लाश को ड्रम में छिपा कर सीमेन्ट से ढांक दिया और फरार हो गया। मगर संयोग से ड्रम में छेद हो गया और घर के मकान मालिक को बदबू आ गई, मालिक ने आरोपी को फोन किया तो आरोपित ने लाश को ठिकाने लगाने के लिए एक हजार से अधिक बार क्राईम पेट्रोल के एपीसोड देखे, बाद में मकान मालिक और आरोपित प्रेमी ने मिल कर शव को जला दिया। पुलिस ने दो साल बाद इस पे्रमी को आम्र्स एक्ट में पकड़ा तो राज का खुलाशा हुआ।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि राहुल किसी काम से बाहर गया हुआ था. उसने जिस स्थान पर ड्रम में डिस्पोज करने के लिए भानुप्रिया की लाश छुपाई थी उसमे छेद हो गया था. छेद में से बदबू आने लगी थी. मकान मालिक ने मकान से बदबू आने की बात राहुल को फोन पर बताकर उसकी सफाई करने को कहा. इस पर आरोपी ने आकर मकान मालिक को पूरी घटना के बारे में बता दिया. इस पर दोनों ने मिलकर भानुप्रिया के शव को ड्रम से निकालकर उसके टुकड़े कर जला दिया. आरोपी ने कुबूल किया कि उसके शव को जलाने के बाद राख के साथ अन्य सबूत को राजसमंद की बनास नदी में फेंक दिया.
उदयपुर की प्रताप नगर थाना पुलिस पुलिस ने आम्र्स एक्ट के जुर्म में आरोपी राहुल राज चतुर्वेदी को गिरफ्तार किया था. राहुल के साथ भानु प्रिया नाम की लडक़ी रहती थी जिसका 2 साल से उसका कोई पता नहीं था. उसकी हत्या की आशंका थी. आरोपी राहुल से पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की जिससे भानुप्रिया की मर्डर मिस्ट्री सॉल्व हो गई.
उदयपुर एसपी भुवन भूषण यादव ने जानकारी देते हुए बताया कि राहुल राज चतुर्वेदी ने भानु प्रिया हत्या के राज उगले हैं. उसने पुलिस को बताया है कि वह हनुमान मंदिर का पुजारी है. साल 2019 से धानमंडी निवासी भानु प्रिया उसके टच में थी और उसी के साथ किराये के मकान में रहती थी. दो साल तक दोनों के बीच सब कुछ ठीक ठाक चल रहा था. साल 2021 में आपसी दोनों के बीच आपसी कहासुनी हो गई. इससे नाराज होकर राहुल ने भानु प्रिया की हत्या कर दी.
हत्या करने के बाद राहुल लाश को ठिकाने लगाने के लिए ट्रिक सोचने लगा. एसपी ने बताया कि इस बीच आरोपी राहुल ने ट्रिक खोजने के लिए 1300 बार क्राइम पेट्रोल के एपिसोड देखे. ट्रिक सीखने के बाद उसने भानुप्रिया के शव को एक ड्रम में रखा और उसे गलाने के लिए उसके ऊपर से सीम्नेट डालकर पैक कर दिया. इसी आधार पर उसने भानुप्रिया के शव को डिस्पोज करने की कोशिश की.
पुलिस अधिकारी ने बताया कि राहुल किसी काम से बाहर गया हुआ था. उसने जिस स्थान पर ड्रम में डिस्पोज करने के लिए भानुप्रिया की लाश छुपाई थी उसमे छेद हो गया था. छेद में से बदबू आने लगी थी. मकान मालिक ने मकान से बदबू आने की बात राहुल को फोन पर बताकर उसकी सफाई करने को कहा. इस पर आरोपी ने आकर मकान मालिक को पूरी घटना के बारे में बता दिया. इस पर दोनों ने मिलकर भानुप्रिया के शव को ड्रम से निकालकर उसके टुकड़े कर जला दिया. आरोपी ने कुबूल किया कि उसके शव को जलाने के बाद राख के साथ अन्य सबूत को राजसमंद की बनास नदी में फेंक दिया.
उदयपुर की प्रताप नगर थाना पुलिस पुलिस ने आम्र्स एक्ट के जुर्म में आरोपी राहुल राज चतुर्वेदी को गिरफ्तार किया था. राहुल के साथ भानु प्रिया नाम की लडक़ी रहती थी जिसका 2 साल से उसका कोई पता नहीं था. उसकी हत्या की आशंका थी. आरोपी राहुल से पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की जिससे भानुप्रिया की मर्डर मिस्ट्री सॉल्व हो गई.
उदयपुर एसपी भुवन भूषण यादव ने जानकारी देते हुए बताया कि राहुल राज चतुर्वेदी ने भानु प्रिया हत्या के राज उगले हैं. उसने पुलिस को बताया है कि वह हनुमान मंदिर का पुजारी है. साल 2019 से धानमंडी निवासी भानु प्रिया उसके टच में थी और उसी के साथ किराये के मकान में रहती थी. दो साल तक दोनों के बीच सब कुछ ठीक ठाक चल रहा था. साल 2021 में आपसी दोनों के बीच आपसी कहासुनी हो गई. इससे नाराज होकर राहुल ने भानु प्रिया की हत्या कर दी.
हत्या करने के बाद राहुल लाश को ठिकाने लगाने के लिए ट्रिक सोचने लगा. एसपी ने बताया कि इस बीच आरोपी राहुल ने ट्रिक खोजने के लिए 1300 बार क्राइम पेट्रोल के एपिसोड देखे. ट्रिक सीखने के बाद उसने भानुप्रिया के शव को एक ड्रम में रखा और उसे गलाने के लिए उसके ऊपर से सीम्नेट डालकर पैक कर दिया. इसी आधार पर उसने भानुप्रिया के शव को डिस्पोज करने की कोशिश की.

