जमीन के बदले 2 करोड़ रुपए लेकर मुकरा मालिक ,प्रकरण दर्ज

रतलाम
जिले के शिवगढ़ थाने के सामने रहने वाले एक व्यक्ति ने 4 करोड़ में अपनी जमीन का सौदा कर अनुबंध पत्र के आधार पर खरीदार से 1 करोड़ 80 लाख रुपए भी ले लिए और जब रजिस्ट्री कराने की बारी आई तो वह साफ मुकर गया कि मैने किसी भी व्यक्ति को जमीन नही बेची है,शराब के नशे में मुझसे अनुबंध पर हस्ताक्षर करा लिए गए है। पुलिस ने मामले की शिकायत पर जांच कर रुपए लेकर मुकरने वाले व्यक्ति के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है।
मिली जानकारी के अनुसार शिवगढ़ निवासी भारतसिंह ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्होने वर्ष 2025 में शिवगढ़ थाने के सामने रहने वाले दुष्यंत देवसिंह पिता भवानीसिंह राठौर की 4 बीघा जमीन का सौदा चार करोड़ में तय किया था। इसी सौदे के चलते 17 सितम्बर 2025 को दुष्यंत देवसिंह को 2,00,00,000/- रुपये जिसमे 1,80,00,000 नगद व दो चेक 10-10 लाख के सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया को दिए थे। भारतसिंह और दुष्यंत के बीच हुए इस सौदे के दौरान पांच गवाह भी मौके पर ही मौजूद थे।
इधर कुछ माह बाद दुष्यंत की नियत पलट गई और जब जमीन की रजिस्ट्री कराने की बारी आई तो दुष्यंतसिंह पलट गया और कहने लगा कि मैने अपनी किसी भी जमीन का सौदा नही किया और ना ही किसी तरह की अग्रिम राशि ली है। मामले को गंभीरता से लेकर भारतसिंह ने इसकी शिकायत अप्रेल 2026 को शिवगढ़ थाने में की थी।
भारतसिंह की शिकायत के बाद जब दुष्यंत के बयान लिए गए तो उसका कहना था कि भारतसिंह और हम साथ में बैठकर शराब पीते है, और हो सकता है कि शराब के नशे में भारतसिंह ने मुझ से किसी कोरे कागज पर हस्ताक्षर करवा लिए हो।
दुष्यंत देवसिंह का कहना था कि भारतसिंह के साथ मैने कभी कोई जमीन बेचने के संबंध में कोई सौदा नही किया ना ही कोई विक्रय अनुबंध किया । जिस जमीन का अनुबंध पत्र की बात भारतसिंह कर रहा है, वैसे किसी अनुबंध पत्र के बारे में मुझे कोई जानकारी नही है और ना ही मैने भारतसिंह से कोई जमीन बैचने के एवज में नगद राशी ली है।
भारतसिंह मुझे एक करोड अस्सी लाख रुपये नगद व दो चैक दस दस लाख रुपये के देने की बात कर रहा है, वह सब झुठ है, मैने कभी भी भारतसिंह से उक्त राशी व चैक प्राप्त नहीं किये, भारतसिंह मेरी शिवगढ रोड पर स्थित जमीन जो कि काफी कीमती है उसे हडपने की नियत से झुठा अनुबंध पत्र तैयार किया है । उस अनुबंध पत्र में जितने भी गवाह है, वह सभी भारतसिहं के मिलने वाले लोग है इसलिये भारतसिंह नें अनुबंध पत्र में उक्त गवाहो के नाम लिखवाये है, ताकि झुठा अनुबंध पत्र असानी से बना सके व मुझ पर दबाव बना कर मेरी शिवगढ रोड वाली जमीन हडप ले ।
इधर पुलिस ने भी फरियादी और उसके साथियों के बयान दर्ज कर जांच आगे बढ़ाई तो पता चला कि दुष्यंत इस तरह के अपराध करने का आदि है और पूर्व में भी ऐसी ही शिकायत इसके खिलाफ आई थी। पुलिस ने अनुबंध पत्र सहित अन्य दस्तावेजों के परीक्षण पश्चात दुष्यंत देवसिंह के खिलाफ मामला अपराध धारा 318 (4) दर्ज किया है।
