दस्यु सुंदरी रही सीमा परिहार को 30 साल पूर्व के अपहरण मामले में अब चार साल की जेल

किसी समय चंबल के बीहड़ में लगातार 18 साल तक अपना आंतक जमा कर अब सामाजिक जीवन जी रही पूर्व महिला डकैत और इनके साथियों को गत दिवस 1094 में किए गए अपहरण के मामले में औरेया न्यायालय ने 4-4 साल की सजा और 5-5 हजार रुपए के अर्थदण्ड की सजा सुनाई है।
मिली जानकारी के अनुसार वर्ष 1994 में लाला राम गैंग की सदस्य दस्यु सुंदरी सीमा परिहार और उनके साथियों ने ट्यूबवेल पर सो रहे युवक का अपहरण किया था. पुलिस में अपहरण का मामला दर्ज हुआ था जो न्यायालय में विचाराधीन था. इसमें 9 आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था. कोर्ट में मामला विचारधीन के समय 9 में से 5 आरोपियों की मौत पूर्व में ही हो चुकी है. उन्होंने बताया कि बाकी बचे हुए आरोपी जिसमें दस्यु सुंदरी सीमा परिहार समेत चार लोग दोषी पाए गए. उन्हें एडीजे दस्यु प्रभावित सुनील कुमार सिंह द्वारा दोषी पाया गया. औरैया कोतवाली में अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया.
करीब 18 साल बीहड़ में गुजारने के बाद सीमा ने सारे अपराधों का त्याग कर दिया था।
. साल 2003 में सीमा ने पुलिस को समर्पण कर दिया. आत्मसमर्पण के बाद दस्यु सुंदरी सीमा परिहार ने सामाजिक जीवन शुरू किया. सीमा परिहार ने रियलिटी शो बिग बॉस में हिस्सा लिया.
गौरतलब है कि चंबल के बीहड़ में दस्यु सुंदरी के नाम से आतंक का पर्याय बनी सीमा परिहार का जन्म इटावा के बिठौली थाना इलाके के गांव कालेश्वर की गढिय़ा में हुआ था. जब सीमा 13 साल की थी तब उनका दस्यु सरगना लालाराम ने अपहरण कर लिया था। इसके बाद डाकू बनी सीमा पर 70 लोगों की हत्याओं और 150 अपहरण के मुदकमे दर्ज हुए।
