राजा हत्या के पहले और बाद में राज के सम्पर्क में रही सोनम

सुपारी देकर अपने ही पति इन्दौर के राजा रघुवंशी की हत्या करवाने वाली सोनम अपने प्रेमी राज कुशवाह के सम्पर्क में थी। राजा की हत्या करने के बाद सुपारी कीलर के सोनम चेरापूंजी होते हुए गुवाहटी गई, जहां सभी ने एक दिन का ठहराव किया और फिर सभी अलग-अलग रास्तों पर निकल पड़े थे। मेघालय पुलिस को राजा रघुवंशी की लाश मिलने के बाद ही सोनम पर शक हो गया था, और वो सोमन की काल हिस्ट्री सहित अन्य टेक्निकल सर्विलांस माध्यमों से इस गुत्थी को सुलझाने का प्रयास कर रही थी, जिसमें वह सफल भी हुई है।
गाजीपुर के ढाबे से सोनम की बरामदगी भी कोई संयोग नही होकर सोची समझी रणनीति मानी जा रही है। जब हत्या में शामिल अन्य आरोपी पुलिस की नजर में आकर हत्थे चढऩे लगे तो सोनम ने भी खुद को सरेंडर करने में ही अपनी भलाई समझी थी।
गाज़ीपुर जिले के नंदगंज थाना क्षेत्र के काशी ढाबा, अंकुशपुर से सूचना मिली थी कि एक डरी सहमी युवती मदद मांग रही है। तभी पुलिस ने पहुच कर जब इसे बरामद किया तो सोनम ने बताया कि वह अपने पति के साथ मेघालय घुमने आई थी, जहां से इसे अपरहरण कर लिया गया था। सोनम ने यहां बताया था कि कुछ लोगों ने इसके गहने सहित अन्य सामान लूट कर एक गाड़ी में बैठाया और ढाबे के पास छोडक़र भाग गए है।
पुलिस को सोनम की इस कहानी पर संदेह हुआ क्यूकि सोनम की बरामदगी से कुछ समय पहले ही इसके साथ हत्या में शामिल इसके साथी पुलिस की हिरासत में आ चुके थे।
राजा रघुवंशी की हत्या के मामले से पर्दा हटाने में वहां के पर्यटक गाईड अल्बर्ट पीडी की भी महती भूमिका रही है। इसी ने पुलिस को बताया था कि हत्या के पूर्व सोमन, राजा के साथ तीन अन्य व्यक्ति ट्रेकिंग करते देखे गए थे। ये सभी हिन्दी में बाते कर रहे थे, जबकि गाईड मेघालय की खासी भाषा और अंग्रेजी ही जानता था।
पुलिस के अनुसार अब तक इस साजिश में शामिल तीन कॉन्ट्रैक्ट किलर्स आकाश, विशाल ,आनंद और राज कुश्वाह को हिरासत में लिया गया है।
आज शाम इन्दौर पहुची मेघालय पुलिस की मौजूदगी में राजा रघुवंशी हत्याकांड के आरोपियों राज कुशवाहा, आकाश राजपूत, विशाल चौहान और आनंद की मजिस्ट्रेट के सामने पेशी हुई है। उन्हें मजिस्ट्रेट शशांक सिंह के रेसिडेंसी स्थित बंगले पर पेश किया गया है। वही सोनम को भी गाजीपुर से मेघालय लाया जा रहा है।
